कौन हैं तेजस्वी ? सांसद रामकृपाल यादव ने पहचानने से किया इंकार, कहा-घड़ियाली आंसू बहाने वालों को मैं नहीं जानता

लाइव सिटीज, सेंट्रल डेस्क : पूर्व केन्द्रीय मंत्री व बीजेपी सांसद रामकृपाल यादव लालू के लाल तेजस्वी को पहचानते नहीं . और ना ही बिहार में तेजस्वी का क्या पद है और किस दल से तालुक रखते है यह भी नहीं जानते है. जब उनसे तेजस्वी का डिजिगनेशन और उनकी पार्टी का पूरा ब्यौरा बताया गया तब उन्होंने तेजस्वी को पहचाना और उनका नाम लिए वगैर अपनी प्रतिक्रिया दी.

बता दे कि अमित शाह की 7 जून को बिहार में वर्चुअल रैली होनी है. जिसके लिए पार्टी के सांसद,विधायक, नेता और कार्यकर्ता अपने-अपने क्षेत्र में सघन जनसंपर्क अभियान चला रहे है. रामकृपाल यादव भी अपने संसदीय क्षेत्र में लोगों से संपर्क कर 7 जून की रैली को सफल बनाने के लिए मशक्कत कर रहे थे. इसी बीच मीडिया संबोधन के दौरान पूछा गया कि अमित शाह की रैली के दिन ही तेजस्वी गरीब अधिकार दिवस मनाने जा रहे. इसका बीजेपी की रैली पर क्या असर पड़ेगा.



इतना पूछते ही रामकृपाल यादव ने तेजस्वी को पहचानने से इंकार कर दिया और कहा कि कौन तेजस्वी ?, किस दल से हैं तेजस्वी ? सांसद महोदय की अनभिज्ञता पर पत्रकारों ने पूरा ब्योरा दिया तब उन्होंने अच्छा कहते हुए कहा कि बिहार से 4 साल गायब रहने वाले आज 6 महीने के लिए घड़ियाली आंसू बहा रहे है. श्रमिकों की चिंता कर रहे है. ऐसे लोगों को प्रदेश की जनता कब की नाकार चुकी है. अब इनके झांसे में नहीं आने वाली है.

बता दे कि ये वहीं रामकृपाल यादव है जो कभी लालू एंड पार्टी के लिए एक मजबूत स्तंभ के रूप मे जाने जाते थे. तेजस्वी को बच्चा से जवान होते हुए इन्होंने बड़े ही नजदीक से देखा है. लालू प्रसाद के करीबियों में इनका नाम शामिल था. लेकिन 2014 के लोकसभा चुनाव में राजनीति ने ऐसी करवट ली की रामकृपाल आरजेडी छोड़ रातों रात बीजेपी में शामिल हो गए. और पाटलीपुत्र की सीट से लालू की ही बेटी मीसा भारती को पटखनी देकर मोदी सरकार-1 में कैबिनेट मंत्री बन गए थे. और आज तेजस्वी को पहचानते नहीं हैं, शायद इसी को राजनीति कहा जाता हैं.