विपक्ष के कार्यस्थगन को नामंजूर करने पर सदन में हंगामा, शून्यकाल बाधित

लाइव सिटीज डेस्कः बिहार विधानमंडल का शीतकालीन सत्र आज तीसरे दिन भी हंगामें की भेंट चढ़ गया. जोरदार हंगामे के बीच विपक्ष ने सदन में कार्यस्थगन प्रस्ताव लाया. विपक्ष के कार्यस्थगन प्रस्ताव को अध्यक्ष विजय कुमार चौधरी ने नामंजूर कर दिया. फिर क्या था जमकर हंगामा शुरू हो गया. जिसके बाद शून्यकाल बाधित हो गया. विपक्ष के नेताओं ने टेबल थपथपा कर नारेबाजी शुरू कर दी.

सदन में विपक्ष के ललित यादव और रामदेव राय ने सूबे में बढ़ते हत्या, अपराध को लेकर कार्यस्थगन प्रस्ताव लाया. इस दौरान नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने कहा कि भागलपुर समेत जगहों पर बांध टूटा है, उस पर ध्यान दें. जो मंत्री कहते हैं कि उस पर काम करें. बांध की क्वालिटी पर ध्यान दिया जाये. इतना ही नहीं उन्होंने आगे कहा कि सरकार का पैसा किसी के बाप का पैसा नहीं है. जनता का अधिकार है कि एक-एक पैसे का हिसाब भी सबके सामने रखा जाए.

हंगामा कर रहे राजद विधायक

तेजस्वी यादव यहीं नहीं रुके उन्होंने आगे कहा कि 12 साल से घोटाला हो रहा है, उसमें क्या कार्रवाई हुई. किसको क्या सजा हुई, बताइये. सरकार में घोटाले के लिए डबल इंजन लगाया गया है क्या? तेजस्वी यादव के बोलने के बाद सदन में हंगामा शुरू हो गया. उधर जब तेजस्वी के सवाल का जवाब देने जैसे ही सुशील मोदी उठे तो फिर हंगामा शुरू हो गया.

भारी हंगामे के बीच सुशील मोदी ने कहा कि सभी जिलों को निर्देश दिया गया है कि जिलों में निश्चय योजना में अवैध निकासी पर कार्रवाई करें. हम किसी को नहीं छोड़ेंगे. किसी को बख्शा नहीं जायेगा. इस पर तेजस्वी ने कहा कि बार-बार कहने के बाद भी घोटालों पर कार्रवाई नहीं हो रही है. भ्रष्टाचार को छिपाने के लिए बिहार के अधिकारी काम कर रहे हैं. घोटाला छिपाने के लिए मुख्यमंत्री ने महागठबंधन को तोड़ा है. जांच नहीं हो रही है. सदन में आकर मुख्यमंत्री जवाब दें.